Maha Shivaratri 2026 पर शिवमय हुआ Raisen, सोमेश्वर धाम और भोजपुर में उमड़ा जनसैलाब

Maha Shivaratri 2026 पर शिवमय हुआ Raisen, सोमेश्वर धाम में उमड़ा जनसैलाब

रायसेन, 15 फरवरी 2026।
फाल्गुन मास की पावन कृष्ण चतुर्दशी पर मनाई जा रही महाशिवरात्रि के अवसर पर रायसेन शहर पूरी तरह शिवमय नजर आया। तड़के सुबह 3 बजे से ही शहर के प्रमुख शिवालयों में श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगनी शुरू हो गईं। “हर-हर महादेव” और “बोल बम” के जयघोष से पूरा वातावरण गूंज उठा। भक्तों ने उपवास रखकर भगवान शिव का जलाभिषेक, दुग्धाभिषेक और रुद्राभिषेक किया।


🛕 रायसेन दुर्ग स्थित सोमेश्वर धाम बना आस्था का केंद्र

रायसेन किले के भीतर स्थित प्राचीन सोमेश्वर धाम में इस वर्ष विशेष उत्साह देखने को मिला। ऐतिहासिक मान्यता के अनुसार यह मंदिर वर्ष में केवल महाशिवरात्रि के दिन ही आम श्रद्धालुओं के लिए खोला जाता है, जिसके कारण यहां हजारों की संख्या में भक्त पहुंचे।

सुबह मंगला आरती के साथ पूजा-अर्चना का सिलसिला प्रारंभ हुआ। भक्तों ने शिवलिंग पर बेलपत्र, धतूरा, भांग और पुष्प अर्पित किए। मंदिर परिसर में सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे। जिला प्रशासन द्वारा बैरिकेडिंग, पेयजल व्यवस्था और प्राथमिक चिकित्सा केंद्र की सुविधा उपलब्ध कराई गई।


🎊 भोजपुर में तीन दिवसीय शिव महोत्सव का शुभारंभ

निकटवर्ती भोजपुर क्षेत्र में महाशिवरात्रि के अवसर पर तीन दिवसीय शिव महोत्सव का आयोजन किया गया। यहां स्थित प्राचीन शिव मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों की श्रृंखला भी प्रारंभ हुई।

लोक कलाकारों ने भजन, कीर्तन और शिव तांडव स्तोत्र की प्रस्तुति दी। शाम के समय दीपों और आकर्षक रोशनी से मंदिर परिसर जगमगा उठा। श्रद्धालुओं के लिए भंडारे का आयोजन भी किया गया, जिसमें हजारों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया।


🌙 चार प्रहर की विशेष पूजा और रात्रि जागरण

धार्मिक परंपरा के अनुसार महाशिवरात्रि की रात्रि में चार प्रहर की पूजा का विशेष महत्व होता है। रायसेन के विभिन्न मंदिरों में रात्रि 12 बजे निशीथ काल की विशेष आरती संपन्न हुई। भक्तों ने पूरी रात भजन-कीर्तन और शिव मंत्रों का जाप किया।

पंडितों के अनुसार इस दिन व्रत और शिव आराधना से मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं तथा जीवन में सुख-शांति की प्राप्ति होती है।


🚓 प्रशासन और पुलिस की सतर्क व्यवस्था

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया। पुलिस बल की अतिरिक्त तैनाती की गई और यातायात व्यवस्था को सुचारु रखने के लिए विशेष रूट डायवर्जन लागू किए गए।

नगरपालिका द्वारा साफ-सफाई और प्रकाश व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया गया। चिकित्सा दल और एम्बुलेंस भी तैनात रहीं ताकि किसी आपात स्थिति में तत्काल सहायता प्रदान की जा सके।


📿 श्रद्धालुओं में उत्साह, युवाओं की सक्रिय भागीदारी

महाशिवरात्रि के अवसर पर युवाओं और महिलाओं की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। कई सामाजिक संगठनों ने सेवा कार्यों में सहयोग दिया। जगह-जगह ठंडाई और प्रसाद वितरण के स्टॉल लगाए गए।

स्थानीय नागरिकों ने बताया कि महाशिवरात्रि केवल धार्मिक पर्व ही नहीं, बल्कि सामाजिक एकता और सांस्कृतिक परंपराओं को मजबूत करने का अवसर भी है।


✨ आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर रहा शहर

पूरे दिन और रात चले धार्मिक आयोजनों के बीच रायसेन शहर भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा से सराबोर रहा। महाशिवरात्रि के इस पर्व ने एक बार फिर परंपरा, आस्था और सामाजिक समरसता का अद्भुत संदेश दिया।

— रिपोर्ट: Citynews24x7 रायसेन—